नई दिल्ली: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर दिल्ली के ताहिरपुर स्थित कुष्ठ आश्रम के साईं मंदिर परिसर में एक बड़े निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया।

इस शिविर का आयोजन माया नारायण मेमोरियल ट्रस्ट, दिल्ली और नारायण हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा सेंटर, डिफेंस कॉलोनी भोपुरा (साहिबाबाद) के संयुक्त सहयोग से किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में महिलाओं, बच्चों और स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया।
500 से अधिक लोगों की हुई स्वास्थ्य जांच
माया नारायण मेमोरियल ट्रस्ट के चेयरमैन ओमप्रकाश बंशीराम जेदिया ने बताया कि इस स्वास्थ्य शिविर में करीब 500 से अधिक लोगों का मुफ्त स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और जरूरतमंद मरीजों को दवाइयां भी वितरित की गईं।
उन्होंने बताया कि जांच करवाने वालों में लगभग 300 महिलाएं और करीब 100 बच्चे शामिल थे। शिविर का मुख्य उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद परिवारों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना और उन्हें स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाना था।
महिलाओं में एनीमिया और नियमित जांच की कमी चिंता का विषय
शिविर में मौजूद महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. अपर्णा ने बताया कि कई महिलाओं में गर्भावस्था के दौरान नियमित जांच न कराने की समस्या सामने आई। उन्होंने कहा कि जागरूकता की कमी के कारण गर्भवती महिलाएं समय पर डॉक्टर से परामर्श नहीं लेतीं।
डॉ. अपर्णा के अनुसार जांच के दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं में खून की कमी यानी एनीमिया के लक्षण पाए गए। उन्होंने सलाह दी कि नियमित स्वास्थ्य जांच, आयरन की गोलियों का सेवन और संतुलित आहार अपनाकर इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है।
युवतियों में स्वच्छता से जुड़ी समस्याएं भी सामने आईं
गुरु तेग बहादुर अस्पताल की चिकित्सक डॉ. सीमा ने बताया कि शिविर के दौरान 15 से 20 वर्ष की युवतियों में स्वच्छता से जुड़ी समस्याएं भी देखने को मिलीं।
उन्होंने बताया कि कई स्वास्थ्य समस्याएं व्यक्तिगत स्वच्छता की कमी के कारण होती हैं। इस दौरान युवतियों को व्यक्तिगत स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक जानकारी भी दी गई।
बच्चों में खांसी और सांस संबंधी समस्याएं
शिविर के दौरान बच्चों में भी कई सामान्य स्वास्थ्य समस्याएं सामने आईं। डॉक्टरों के अनुसार कई बच्चों को खांसी और सांस से जुड़ी शिकायतें थीं।
विशेषज्ञों ने बताया कि समय पर डॉक्टर से परामर्श और सही इलाज से इन समस्याओं को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।
गरीब और झुग्गी बस्तियों के लिए लगातार काम कर रहा ट्रस्ट
नारायण हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा सेंटर, भोपुरा के प्रबंधक सुनील कुमार ने बताया कि माया नारायण मेमोरियल ट्रस्ट दिल्ली और गाजियाबाद के गरीब परिवारों, झुग्गी-झोपड़ियों और मलिन बस्तियों में रहने वाले लोगों के लिए लगातार काम कर रहा है।
उन्होंने कहा कि ट्रस्ट समाज के कमजोर वर्गों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ स्वच्छता और जागरूकता अभियान भी चला रहा है। यह प्रयास देश में स्वच्छ भारत, अतुल्य भारत और स्वर्णिम भारत की परिकल्पना को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
पहली बार परिवार के सदस्यों के लिए लगा विशेष शिविर
इस अवसर पर गुरु तेग बहादुर अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. धनंजय कुमार भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने बताया कि कुष्ठ आश्रम में कुष्ठ रोग के मरीजों के लिए कई संस्थाएं काम कर रही हैं, लेकिन मरीजों के परिवार की महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य पर अपेक्षाकृत कम ध्यान दिया जाता है।
उन्होंने माया नारायण मेमोरियल ट्रस्ट की सराहना करते हुए कहा कि महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं और बच्चों के लिए विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित करना एक सराहनीय पहल है। उनके अनुसार पहली बार किसी संस्था ने यहां मरीजों के परिवार के सदस्यों के लिए इस तरह का स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया है।
लोगों से शिविर का लाभ उठाने की अपील
शिविर में सेवा भारती की ओर से डॉ. हरेंद्र भी मौजूद रहे। उन्होंने स्थानीय लोगों से अपील की कि ट्रस्ट द्वारा समय-समय पर लगाए जाने वाले मुफ्त चिकित्सा शिविरों का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
उन्होंने यह भी बताया कि नारायण हॉस्पिटल एंड ट्रॉमा सेंटर, डिफेंस कॉलोनी भोपुरा में जरूरतमंद लोगों को चैरिटेबल दरों पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं।
निष्कर्ष
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित यह स्वास्थ्य शिविर न केवल जरूरतमंद लोगों के लिए राहत लेकर आया, बल्कि महिलाओं और बच्चों में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ। सामाजिक संगठनों और चिकित्सकों की इस पहल से स्थानीय समुदाय को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और जरूरी मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।
